
राजपुर। नगर पंचायत राजपुर में निकाय कर्मचारियों और अधिकारियो की मिली भगत से अध्यक्ष एवं पार्षद निधि के नाम पर अपने चहेते फर्म को लाभ दिलाने के नाम पर अध्यक्ष एवं कुछ चहेते पार्षदों का अग्रिम राशि निधि के नाम पर फर्जी भुगतान का मामला सामने आया है।मामला सामने आने के बाद पार्षदों ने इस मामले की शिकायत राजपुर एसडीएम से कर मामले कि जाँच की माँग की है।
राजपुर नगरीय निकाय में भ्रष्टाचार चरम पर है।कभी नागरीय निकाय की ट्रैक्टर गायब हो जा रही है।कभी फोटोकॉपी मशीन।इसके अलावे भी नगरीय निकाय में घटिया निर्माण कार्यों को लेकर हमेशा सुर्खियां बनी रहती है।अब पार्षद निधि के नाम पर अग्रिम राशि भुगतान का मामला सामने आया है।पार्षद निधि की राशि खर्च करने के बाद अब पार्षदों के नाम से अग्रिम राशि भी खर्च की गई। इस मामले में लगभग बलगभग पच्चीस लाख रूपये का फर्जी भुगतान एडवांश के रूप में कर दिया गया है।वहीँ शेष पार्षदों के अनुशंसा पर शासन से निधि प्राप्त नही हुई हैं कहकर सौतेला व्यवहार करते हुए वार्ड के विकास कार्य को रोकने की लगातार कोशिश की जा रही हैं जिससे पार्षदों को जन भावना के अनुरूप कार्य करने में परेशानी के साथ ही आम नागरीको के समक्ष पार्षदों को लज्जित होना पड़ रहा हैं।
नगर पंचायत राजपुर के निर्वाचित पार्षदों को अब तक दस लाख रूपये प्रति वार्ड विकास कार्य हेतु खर्च करने एवं अध्यक्ष निधि में पचास लाख रूपये खर्च करने के लिए शासन से प्राप्त हुआ हैं लेकिन निकाय के कर्मचारियों द्वारा अध्यक्ष निधि में अब तक लगभग पैसठ लाख एवं पार्षद निधि में कुछ चुनींदा पार्षदों के लगभग पन्द्रह-पन्द्रह लाख रूपये तक निधि के नाम पर अग्रीम भुगतान किया जा चुका हैं। नगर पंचायत के इस दोहरे चरित्र से पार्षदों एवं आम नागरीको में रोष का वातावरण निर्मित हो रहा हैं जिसको लेकर राजपुर एसडीएम के समझ पार्षद पूरनचंद जायसवाल अनीता कश्यप राहुल भारती विश्वास गुप्ता एवं नगर के प्रतिष्ठित नागरिकों ने हस्ताक्षर युक्त ज्ञापन सौंपकर जांच की मांग की हैं। साथ ही ज्ञापन की प्रतिलिपि कलेक्टर बलरामपुर संयुक्त संचालक नगरीय प्रशासन अम्बिकापुर संचालक संचालन्य नगरीय प्रशासन एवं विकास अटल नगर नवा रायपुर को प्रेषित किया हैं।पार्षदों ने एसडीएम राजपुर को ज्ञापन सौंपकर जॉच की मांग करते हुए सप्ताह भर के भीतर कार्यवाही नही होने पर नगर पंचायत कार्यालय में ताला जड़ने की बात कही है।
ठेकेदार भुगतान के लिए काट रहे निकाय का चक्कर :-
ठेकेदार काम करने के बाद भुगतान के लिए निकाय का चक्कर काट रहे हैं। निकाय कर्मियों के द्वारा शासन से राशि आबंटन नही होने का बहाना बनाकर फाइलों को रोककर रखे हुए हैं जिसके चलते वार्ड के कई विकास कार्यों की गति धीमी चल रही हैं।

मामला संज्ञान में आया है :-
इस मामले में एसडीएम राजपुर राजीव जेम्स कुजूर ने कहा कि नगर पंचायत का मामला संज्ञान में आया है अभी हाई कोर्ट के काम से बाहर हूँ आते ही जाँच करूँगा। उन्होंने कहा कि नगरीय निकाय किस मामले में अग्रिम भुगतान किये हैं संबंधित कर्मचारियों से रिपोर्ट देने के लिए निर्देशित किया गया है।



