विधायक की पहल पर पुलिस ने 12 घंटे के अंदर फेक्ट्री में बंधक बना कर रखे नौ श्रमिकों को कराया रिहा,,,दिलाई गई मजदूरी की भी रकम…

बलरामपुर। बलरामपुर जिले के ग्राम पंचायत आरागाही नवापारा के नौ श्रमिकों को बेंगलुरु के एक फैक्ट्री में बंधक बनाए जाने के मामले में विधायक द्वारा जानकारी दिए जाने के बाद पुलिस की टीम ने 12 घंटे के अंदर श्रमिकों को रिहा करा कर उन्हें सकुशल वापस ले आई है।यही नही पुलिस ने श्रमिकों को उनके काम किए हुए पूरे पैसे को भी दिलवाया। रामानुजगंज विधायक एवं पुलिस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए इसकी जानकारी दी है।

उन्होंने बताया कि नवापारा से 16 श्रमिक झारखंड के एक दलाल के माध्यम से बेंगलुरु के फैक्ट्री में काम करने के लिए गए हुए थे। पैसा नहीं मिलने पर व अन्य परेशानियों को लेकर श्रमिक वहां काम नहीं करना चाहते थे ऐसे में सात श्रमिक तो किसी तरह वहां से भाग निकले लेकिन 9 श्रमिक को फैक्ट्री में ही बंधक बना लिया गया था और उन्हें ना तो बाहर निकलने दिया जा रहा था और न ही मजदूरी के पैसे दिए जा रहे थे।भाग कर आये सात श्रमिकों ने इसकी जानकारी विधायक बृहस्पत सिंह को दी तो उन्होंने तत्काल बलरामपुर जिले के पुलिस अधीक्षक डॉ लाल उमेद सिंह से इस संबंध में बंधक बनाए गए मजदूरों को लाने के संबंध में चर्चा की। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी के निर्देश पर पुलिस की एक स्पेशल टीम तत्काल बेंगलुरु के लिए रवाना हुई और वहां स्थानीय पुलिस की मदद से फैक्ट्री में छापामार कार्रवाई करते हुए सभी 9 श्रमिकों को सकुशल रिहा कर लिया गया है और उन्हें वापस ले आया गया है।बंधक से रिहा होकर वापस लौटे श्रमिकों ने बताया कि उन्हें कंपनी में ना तो ठीक से खाना दिया जाता था और ना ही आराम करने दिया जाता था 24 घंटे काम कराया जाता था और मारने पीटने की धमकी भी दी जाती थी जिससे वे बेहद परेशान थे, पुलिस प्रशासन की मदद से अब घर आकर उन्हें काफी अच्छा लग रहा है।



