
राजपुर। छत्तीसगढ़ में EOW-ACB की टीम ने रविवार को रायपुर, बिलासपुर,सरगुजा,बलरामपुर और कोंडागांव में एक साथ 20 ठिकानों पर छापेमार कार्यवाही की है। बताया जा रहा है यह छापेमार कार्यवाही आबकारी और DMF घोटाले से जुड़ी है।
रविवार सुबह से ही सरगुजा सहित बलरामपुर रायपुर बिलासपुर और कोंडागांव में EOW-ACB की टीम ने छापेमारी की है। EOW व ACB की टीम ने सरगुजा में पशु चिकित्सक डॉ तनवीर अहमद और सत्तीपारा निवासी सप्लायर अमित अग्रवाल, बलरामपुर जिले के राजपुर में मनोज अग्रवाल के ठिकानों पर छापेमारी की है। रायपुर में टीम ने पूर्व आबकारी आयुक्त निरंजन दास के ठिकानों पर भी छापे मारे हैं। इसके साथ ही बलरामपुर में व्यवसायी मनोज अग्रवाल के निवास पर भी कार्रवाई जारी है।
जानकारी के अनुसार पूर्व कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में हुए आबकारी और DMF घोटाले की जांच के लिए EOW और ACB की टीम इन जगहों पर पहुंची है। अंबिकापुर के पर्राडांड निवासी डॉ तनवीर अहमद और सत्तीपारा कालोनी निवासी अमित अग्रवाल के ठिकानों पर छापेमारी कर दस्तावेज खंगाले जा रहे हैं।
23 नवंबर के तड़के ईओडब्लू एवं एसीबी की अलग-अलग टीमों ने अलग-अलग ठिकानों पर पहुंची। पूर्व आबकारी आयुक्त निरंजन दास के ठिकानों पर छापे मारे गए हैं। वहीं अन्य शहरों में भी छापेमारी कर दस्तावेजों की जांच की जा रही है।
सरगुजा में दोनों छापे DMF घोटाले से संबंधित बताए गए हैं। डॉ तनवीर अहमद पूर्ववर्ती भूपेश सरकार के कार्यकाल में पशु चिकित्सा के उप संचालक थे और वे सरगुजा एवं बलरामपुर में भी पदस्थ रहे हैं। व्यवसायी अमित अग्रवाल ने DMF में बड़े पैमाने पर काम किया था। अमित अग्रवाल पूर्ववर्ती भूपेश सरकार में आबकारी मंत्री कवासी लखमा तक पहुंच रखते थे। सरगुजा,सूरजपुर से बस्तर तक बड़े पैमाने पर DMF मद का काम किया। वर्तमान में वे अंबिकापुर के रिंग रोड में लक्ष्मी ट्रेडर्स दुकान का संचालन करते हैं।
बलरामपुर में व्यवसायी मनोज अग्रवाल के निवास पर भी EOW-ACB ने छापा मारा है। तड़के ACB की टीम के अधिकारी 2 गाड़ियों में पहुंचे। घर के अंदर दस्तावेजों की जांच कर रहे है।



