
शेष 13 बच्चों को उपचार के लिए भेजा जा रहा उच्च संस्थान,जन्मजात हृदय रोग से पीड़ित बालिका बाती कोरवा का होगा निःशुल्क ईलाज
बलरामपुर। कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी के निर्देशन तथा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. विजय कुमार सिंह के मार्गदर्शन में संचालित राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरबीएसके) एवं चिरायु योजना के माध्यम से जिले में गंभीर एवं जन्मजात बीमारियों से पीड़ित बच्चों को समय पर चिन्हांकित कर निःशुल्क उपचार उपलबध कराया जा रहा है।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. विजय कुमार सिंह ने बताया कि वर्ष 2026 में अब तक जिले में कुल 24 बच्चों को विभिन्न जन्मजात एवं गंभीर बीमारियों से चिन्हांकित किया जा चुका हैं। इनमें से 11 बच्चों का सफलतापूर्वक उपचार कराया जा चुका है, जबकि शेष 13 बच्चों को 23 जून 2026 को उपचार हेतु राज्य के उच्च चिकित्सा संस्थानों में भेजा जा रहा है।
जिसमें विकासखंड शंकरगढ़ के पीवीटीजी परिवार की 4 वर्षीय बालिका बाती रेंगची कोरवा ग्राम पोड़ीखुर्द को भी चिरायु योजना के अंतर्गत चिन्हांकित किया गया है। जांच में बालिका जन्मजात हृदय रोग से पीड़ित पाई गई है। बालिका को उपचार हेतु रायपुर भेजने की तैयारी पूर्ण कर ली गई है। जहां उनका निःशुल्क उपचार सुनिश्चित किया जाएगा। योजना आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए आशा की किरण बनी है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. विजय कुमार सिंह ने बताया कि चिरायु टीम द्वारा बालिका के उपचार के लिए आवश्यक सभी दस्तावेज, जैसे आधार कार्ड एवं राशन कार्ड आदि तैयार कराने में विशेष सहयोग प्रदान किया गया है।



